छत्तीसगढ़राज्य

राज्योत्सव में उच्च शिक्षा विभाग की प्रदर्शनी बनी युवाओं के आकर्षण का केंद्र, ज्ञान, नवाचार और तकनीक की दिखी अनूठी झलक

रायपुर

नवा रायपुर में आयोजित छत्तीसगढ़ राज्योत्सव में उच्च शिक्षा विभाग की प्रदर्शनी युवाओं, विद्यार्थियों और अभिभावकों के लिए आकर्षण के साथ ज्ञान और मार्गदर्शन का महत्वपूर्ण केंद्र बन गई है। प्रदेश के विभिन्न विश्वविद्यालयों द्वारा लगाए गए स्टॉलों में आधुनिक शिक्षा, डिजिटल तकनीक, नवाचार, अनुसंधान, कौशल विकास और रोजगार की संभावनाओं की झलक देखने को मिल रही है। राज्योत्सव में पहुंचे युवा उत्साहपूर्वक प्रदर्शनी का अवलोकन कर उच्च शिक्षा के क्षेत्र में हो रहे बदलावों और अपने उज्ज्वल भविष्य से जुड़ी योजनाओं की जानकारी प्राप्त कर रहे हैं।

प्रदर्शनी की विशेषता यह है कि यहां विद्यार्थियों को एक ही परिसर में विभिन्न विश्वविद्यालयों के पाठ्यक्रमों, शैक्षणिक गतिविधियों, अनुसंधान, तकनीकी सुविधाओं और करियर के अवसरों की जानकारी मिल रही है। इससे विशेष रूप से ग्रामीण एवं दूरस्थ क्षेत्रों के युवाओं को उच्च शिक्षा के बेहतर विकल्पों को समझने का अवसर प्राप्त हो रहा है।

एक ही स्थान पर मिली उच्च शिक्षा और भविष्य संवारने की महत्वपूर्ण जानकारी

 प्रदर्शनी का अवलोकन करने पहुंचे युवा अभिषेक कुमार साहू और डॉ. एस.आर. कमलेश ने उच्च शिक्षा विभाग की पहल की सराहना की। उन्होंने कहा कि राज्योत्सव में विश्वविद्यालयों की गतिविधियों और शासन की शैक्षणिक योजनाओं की जानकारी एक ही स्थान पर उपलब्ध होना विद्यार्थियों के लिए अत्यंत उपयोगी है। डिजिटल सुविधाओं के विस्तार से विशेष रूप से ग्रामीण अंचलों के विद्यार्थियों को लाभ मिलेगा और उच्च शिक्षा प्राप्त करना अधिक सुविधाजनक होगा। इसी प्रकार प्रदर्शनी देखने पहुंचे विनोद कुमार, तुषार, आराध्या, नीरज कुमार, रिया, महेंद्र, विशाल, शिवम, हर्ष, पवित्र, उमाकांत, सुमन अग्रवाल, कुणाल, संजय और राजकुमार सहित बड़ी संख्या में युवाओं ने विश्वविद्यालयों के स्टॉलों में रुचि दिखाई। इसी तरह विशाल, हर्ष, पवित्र, उमाकांत, सुमन अग्रवाल, कुणाल, संजय और राजकुमार ने कहा कि आज के प्रतिस्पर्धी दौर में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के साथ तकनीकी ज्ञान और व्यावहारिक कौशल अत्यंत आवश्यक है। उच्च शिक्षा विभाग की यह प्रदर्शनी विद्यार्थियों को अपनी रुचि और योग्यता के अनुरूप आगे बढ़ने की प्रेरणा दे रही है।

डिजिटल शिक्षा और नवाचार से बदल रही उच्च शिक्षा की तस्वीर उच्च शिक्षा विभाग की प्रदर्शनी में प्रधानमंत्री उच्चतर शिक्षा अभियान (पीएम-उषा), सेंटर ऑफ एक्सीलेंस, एकेडमिक बैंक ऑफ क्रेडिट (एबीसी), डिजिलॉकर और अन्य डिजिटल शैक्षणिक सुविधाओं की जानकारी विशेष आकर्षण का केंद्र बनी हुई है। पीएम-उषा के माध्यम से उच्च शिक्षा संस्थानों में अधोसंरचना और शैक्षणिक गुणवत्ता को सुदृढ़ करने के प्रयास किए जा रहे हैं। सेंटर ऑफ एक्सीलेंस के जरिए महाविद्यालयों में आधुनिक शिक्षण, अनुसंधान और नवाचार को बढ़ावा दिया जा रहा है। वहीं एकेडमिक बैंक ऑफ क्रेडिट से विद्यार्थियों के शैक्षणिक क्रेडिट का डिजिटल प्रबंधन और डिजिलॉकर के माध्यम से शैक्षणिक दस्तावेजों को सुरक्षित रखने एवं आवश्यकता अनुसार प्राप्त करने की सुविधा उपलब्ध हो रही है। इन पहलों के प्रति युवाओं की रुचि यह दर्शाती है कि नई पीढ़ी आधुनिक तकनीक आधारित शिक्षा और रोजगारोन्मुखी अवसरों को लेकर जागरूक है।

ग्रामीण युवाओं और बेटियों के सपनों को मिल रही नई उड़ान

  मुख्यमंत्री  विष्णु देव साय के नेतृत्व और उच्च शिक्षा मंत्री  टंक राम वर्मा के मार्गदर्शन में प्रदेश के ग्रामीण एवं दूरस्थ क्षेत्रों तक उच्च शिक्षा का विस्तार किया जा रहा है। नवीन शासकीय महाविद्यालयों की स्थापना, अधोसंरचना विकास और आधुनिक शैक्षणिक सुविधाओं के विस्तार से विद्यार्थियों को घर के नजदीक उच्च शिक्षा प्राप्त करने के अवसर उपलब्ध कराने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल की जा रही है। विशेष रूप से ग्रामीण क्षेत्रों की बेटियों और आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के विद्यार्थियों के लिए ये प्रयास लाभकारी सिद्ध होंगे। घर के समीप उच्च शिक्षा की सुविधा उपलब्ध होने से समय और आर्थिक संसाधनों की बचत के साथ विद्यार्थियों को अपनी पढ़ाई जारी रखने में सहायता मिलेगी।

शिक्षा को रोजगार, कौशल और आत्मनिर्भरता से जोड़ना हमारा संकल्प – मंत्री  टंक राम वर्मा

 उच्च शिक्षा मंत्री  टंक राम वर्मा ने कहा कि मुख्यमंत्री  विष्णु देव साय के नेतृत्व में राज्य सरकार प्रदेश के युवाओं को गुणवत्तापूर्ण, आधुनिक और रोजगारोन्मुखी उच्च शिक्षा उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है। शिक्षा केवल डिग्री प्राप्त करने का माध्यम नहीं, बल्कि व्यक्तित्व विकास, आत्मनिर्भरता और बेहतर भविष्य की मजबूत आधारशिला है।

मंत्री  वर्मा ने कहा कि बदलते समय की आवश्यकताओं के अनुरूप उच्च शिक्षा को नई तकनीक, अनुसंधान, नवाचार और कौशल विकास से जोड़ा जा रहा है। राज्योत्सव में विभिन्न विश्वविद्यालयों की सहभागिता से विद्यार्थियों को एक ही स्थान पर शिक्षा और करियर की संभावनाओं की जानकारी मिल रही है। यह पहल युवाओं को अपनी प्रतिभा पहचानने और भविष्य के लिए सही दिशा चुनने में सहायक होगी। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ के युवाओं में प्रतिभा और क्षमता की कोई कमी नहीं है। राज्य सरकार का प्रयास है कि ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों के विद्यार्थियों को समान रूप से बेहतर शैक्षणिक सुविधाएं, उचित मार्गदर्शन और आगे बढ़ने के अवसर प्राप्त हों।

युवाओं ने मुख्यमंत्री और उच्च शिक्षा मंत्री के प्रति जताया आभार

राज्योत्सव में उच्च शिक्षा विभाग की प्रदर्शनी देखने पहुंचे युवाओं ने आधुनिक शैक्षणिक सुविधाओं के विस्तार, डिजिटल शिक्षा को प्रोत्साहन और विश्वविद्यालयों की गतिविधियों से परिचित कराने की पहल की सराहना की। उन्होंने मुख्यमंत्री  विष्णु देव साय और उच्च शिक्षा मंत्री  टंक राम वर्मा के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि ऐसी प्रदर्शनियां युवाओं को नई जानकारियां देने के साथ उच्च शिक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाने का सशक्त माध्यम हैं।

  राज्योत्सव में उच्च शिक्षा विभाग की प्रदर्शनी केवल योजनाओं और उपलब्धियों के प्रदर्शन तक सीमित नहीं है, बल्कि युवाओं के सपनों को नई दिशा देने वाला मंच बनकर उभरी है। यहां ज्ञान, नवाचार और आधुनिक तकनीक का संगम प्रदेश की युवा पीढ़ी को बेहतर शिक्षा, कौशल और आत्मनिर्भर भविष्य की ओर बढ़ने के लिए प्रेरित कर रहा है।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button